मुंबई: बेटी से 3 साल तक बलात्कार करने वाले पिता को सजा, 90 प्रतिशत बलात्कार के मामलों में परिचित लोग

भारत की आर्थिक राजधानी ‘मुंबई’ की एक अदालत ने एक व्यक्ति को अपनी ही बेटी के साथ तीन साल तक बलात्कार करने के मामले में दोषी ठहराया और उसे 20 साल की सजा सुनाई। आरोपी ने 2017 से, जब उसकी बेटी केवल 13 वर्ष की थी, उसका यौन शोषण शुरू किया। पीड़िता ने अपनी मौसी को इस बारे में बताया, लेकिन उन्होंने इसे अनदेखा कर दिया। इसके बाद, पीड़िता ने हिम्मत जुटाई और 14 फरवरी 2020 को चाइल्डलाइन पर कॉल कर घटना की जानकारी दी।आरोपी पिता स्वीपर का काम करता था और अक्सर शराब पीकर घर आता था। पीड़िता की मां की मृत्यु तब हो गई थी, जब वह केवल पांच साल की थी। पीड़िता ने बताया कि 2017 में उसके पिता ने शराब के नशे में उसके साथ यौन शोषण किया। विरोध करने पर उसने उसे गालियां दीं, पीटा और धमकी दी कि ‘अगर तू ज्यादा बोलेगी, तो काट डालूंगा।’ 


राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के आंकड़े चौंकाने वाले हैं। 2014 में, देश में लगभग 90 प्रतिशत बलात्कार के मामलों में पीड़ितों के परिचित, जैसे पड़ोसी, दोस्त, परिवार के सदस्य, कार्यस्थल के लोग, ऑनलाइन दोस्त, लिव-इन पार्टनर या पूर्व पति शामिल थे। ये घटनाएं आंध्र प्रदेश, मिजोरम, मुंबई, गोवा, झारखंड, बिहार, ओडिशा सहित देश के अधिकांश राज्यों में देखी गईं।

ऐसे लोग मन में बुरे विचार रखते हैं और चीनी के रूप में जहर की तरह व्यवहार करते हैं। हमें जागरूक रहना होगा, ऐसे लोगों को पहचानना होगा, और होने अच्छे व्यवहार (good touch) व बुरे व्यवहार (bad touch) से ऊपर सोचना होगा क्योंकि अब लोग आपके मस्तिष्क के साथ खेलते हैं, और एक समय बाद ये लोग बलात्कार जैसे घटनाओं को अंजाम देते हैं।




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